BHADAAS

UP NEWS

NE

News Elementor

What's Hot

Dark Light

Latest Posts

होटल में रंगरलियां मनाते पकड़ी गई महिला — पति ने पड़ोसी युवक को पीटा, वीडियो वायरल

झाँसी के मऊरानीपुर में एक कथित अवैध संबंध के मामले ने तूल पकड़ लिया है। पत्नी को रंगे हाथों पकड़ने के बाद पति ने पड़ोसी युवक की जमकर पिटाई कर दी। मारपीट का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। झाँसी के मऊरानीपुर कोतवाली क्षेत्र में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक पति ने अपनी पत्नी को कथित तौर पर पड़ोसी युवक के साथ होटल में रंगरलियां मनाते हुए पकड़ लिया। गुस्से से बौखलाए पति ने युवक को पकड़कर अपनी दुकान पर लाया और लोहे की रॉड से जमकर पिटाई कर दी। इस दौरान युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। बचाने पहुंचे घायल युवक के पिता और भाई को भी मारपीट में चोटें आईं। तीनों को मऊरानीपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। पीड़ित सोनू उर्फ प्रमोद आर्य ने बताया कि वह होटल किसी काम से गया था, तभी पति और उसके ससुरालजन पहुंचे और गलतफहमी में उसे पकड़ लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें बेगुनाह होते हुए भी बुरी तरह पीटा गया। वहीं पति मुकेश आर्य का कहना है कि उसे परिवार के लोगों से सूचना मिली थी कि उसकी पत्नी होटल में किसी अन्य युवक के साथ है। जब वह मौके पर पहुंचा, तो पत्नी और पड़ोसी सोनू को एक साथ पकड़ा गया। उधर, महिला ने अपने बयान में कहा है कि जिसका नाम लिया जा रहा है, उससे उसका कोई संबंध नहीं है — वह किसी और से मिलने गई थी, लेकिन पड़ोसी को गलतफहमी में पकड़ा गया। फिलहाल मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है, जिसके बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
Read more

दादा बना जल्लाद — 24 घंटे में झाँसी पुलिस ने खोला मासूम की हत्या का खौफनाक राज़”

झाँसी ब्रेकिंग् झाँसी से एक ऐसी खबर सामने आई जिसने खून के रिश्तों को शर्मसार कर दिया…जहाँ दादा के हाथों पोते की हत्या ने इंसानियत को झकझोर कर रख दिया है। झाँसी पुलिस ने 24 घंटे के भीतर इस खौफनाक हत्या का खुलासा कर दिया — और वो सच सामने आया जिसने सबको सन्न कर दिया। झाँसी के लहचूरा थाना क्षेत्र के ग्राम चकारा में 8 साल के मासूम मुकेश की हत्या ने पूरे गांव को दहशत में डाल दिया। पहले परिवार ने बच्चे के लापता होने की सूचना दी, लेकिन कुछ ही देर बाद उसका शव भूसे के कमरे में छिपा मिला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि मासूम की गला दबाकर हत्या की गई थी। पुलिस ने शक के आधार पर परिजनों से पूछताछ शुरू की — और तभी सामने आया वो चौंकाने वाला सच… कि मासूम का कातिल कोई अजनबी नहीं,बल्कि उसका अपना ही दादा — सरमन निकला!पुलिस ने 24 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सरमन ने अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया — मृतक मुकेश अकसर उसकी जेब से पैसे निकाल लेता था,और इसी बात पर उसकी मां से घर में अक्सर झगड़े होते थे। गुस्से और नफरत में अंधे दादा ने अपने ही पोते की सांसें हमेशा के लिए रोक दीं। हत्या के बाद आरोपी ने सबूत मिटाने के लिए मासूम के शव को भूसे के कमरे में छिपा दिया।लेकिन पुलिस की तेज़ कार्रवाई और फोरेंसिक रिपोर्ट ने सारा सच सामने ला दिया। पुलिस ने आरोपी सरमन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पुलिस अब इस सनकी वारदात के पीछे की गहराई से जांच कर रही है। एक दादा जिसने पोते के सिर पर साया बनने की जगह उसे मौत की नींद सुला दिया…
Read more

आगरा नदी त्रासदी – पांच युवकों की मौत, सात अब भी लापता

रिपोर्ट-दुष्यंत उपाध्याय आगरा नदी त्रासदी – पांच युवकों की मौत, सात अब भी लापता आगरा/खेरागढ़। आगरा जनपद के खेरागढ़ क्षेत्र में उटंगन नदी में देवी प्रतिमा विसर्जन के दौरान हुआ हादसा अब एक भयावह त्रासदी में बदल चुका है। इस हादसे में पांच युवकों की मौत हो चुकी है, जबकि सात युवक अब भी लापता बताए जा रहे हैं। एनडीआरएफ, पुलिस और प्रशासनिक अमला लगातार रेस्क्यू अभियान में जुटा हुआ है, लेकिन हर बीतते घंटे के साथ उम्मीदें कमजोर होती जा रही हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने खोला दर्दनाक सच पांचों मृतकों के शवों को आगरा के एस.एन. मेडिकल कॉलेज पोस्टमार्टम हाउस लाया गया, जहां चिकित्सकों की दो टीमों ने देर रात तक जांच की।मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि मृतकों के फेफड़ों में झाग, सांस की नली और गले में कीचड़, तथा पेट में पानी भरा हुआ पाया गया।इससे स्पष्ट है कि युवकों की मौत दम घुटने और ऑक्सीजन की कमी से हुई। घंटों पानी में डूबे रहने से शव अकड़ चुके थे और त्वचा का रंग सफेद पड़ गया था।चिकित्सकों के अनुसार, यह दर्शाता है कि शव लंबे समय तक नदी के भीतर कीचड़ में दबे रहे।पोस्टमार्टम रिपोर्ट को शासन को भेज दिया गया है। मौत का मंजर: सायरनों के बीच गूंजती सिसकियां पोस्टमार्टम हाउस के बाहर माहौल बेहद गमगीन था।जैसे ही एंबुलेंस का सायरन गूंजता, परिजन शव की एक झलक पाने के लिए दौड़ पड़ते।किसी की आंखों में बेटे की तस्वीर थी, तो किसी के हाथों में भाई का कपड़ा।सिसकियों और चीखों से पूरा परिसर गूंज उठा।पड़ोसी और रिश्तेदार सांत्वना देने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन हर चेहरा सिर्फ़ दर्द और अविश्वास से भरा था। घटना के बाद से ही प्रशासन ने नदी किनारे सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया।भारी दलदल और गहराई के कारण रेस्क्यू में कठिनाइयाँ आ रही हैं।एनडीआरएफ और स्थानीय गोताखोरों की टीमें नदी को आंशिक रूप से सुखाने का प्रयास कर रही हैं,ताकि लापता सात युवकों को खोजा जा सके।संभावना जताई जा रही है कि कुछ युवक नदी के भीतर कीचड़ या दलदल में फंसे हो सकते हैं। घटना की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मौके पर पहुंचे।पोस्टमार्टम रिपोर्ट की कॉपी शासन को भेज दी गई है और उच्चस्तरीय जांच के आदेश जारी हुए हैं।प्रशासन ने जलाशयों और नदियों में बिना सुरक्षा इंतज़ाम के विसर्जन पर रोक लगाने के निर्देश दिए हैं।साथ ही स्थानीय स्तर पर सुरक्षा चक्र बनाने की योजना पर काम शुरू हो गया है। देवी प्रतिमा विसर्जन के समय श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी थी।इसी दौरान कुछ युवक नदी में गहराई तक उतर गए और अचानक धारा तेज़ हो जाने से सभी बह गए।यह घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि धार्मिक उत्सवों में सुरक्षा व्यवस्था कितनी ज़रूरी है।श्रद्धा का जोश जब सावधानी के बिना होता है, तो कई बार इस तरह की त्रासदी बन जाता है। उटंगन नदी के इस हादसे ने कई परिवारों से उनके लाल छीन लिए।मां की आंखें बेटे की राह देख रही हैं, पिता अब भी नदी किनारे उम्मीद लगाए बैठे हैं।सात युवकों की तलाश अब भी जारी है,लेकिन उनके घरों में सन्नाटा और आसमान में मातम छाया हुआ है।
Read more

संभल— सपा प्रतिनिधिमंडल पर रोक, सांसदों ने हाउस अरेस्ट होने का लगाया आरोप

ब्रेकिंग: संभल से बड़ी राजनीति खबर आ रही है। समाजवादी पार्टी के सांसदों और नेताओं द्वारा बरेली जाने के प्रयास को प्रशासन ने रोक दिया है। सपा नेताओं ने आरोप लगाया है कि उन्हें बीती रात से ही हाउस अरेस्ट कर रखा गया है और उन्हें बरेली जाकर स्थितियों की सत्यता सामने रखने से रोका जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम कानून-व्यवस्था बनाए रखने के मद्देनज़र उठाया गया। बरेली में हालिया घटनाओं के बाद सपा का 14 सदस्यों वाला प्रतिनिधिमंडल आज (4 अक्टूबर 2025) बरेली जा रहा था, लेकिन पुलिस और प्रशासन ने निर्देश दिए कि बिना अनुमति कोई भी राजनीतिक प्रतिनिधि बरेली सीमा में प्रवेश न करे। इसी कार्रवाई के क्रम में संभल में सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क के घर के बाहर पुलिस तैनात कर दी गई तथा कुछ अन्य नेताओं का आवागमन भी रोका गया। प्रशासन ने बताया कि प्रतिनिधि मंडल के जाने से माहौल बिगड़ सकता है, इसलिए रोकनी पड़ी। बरेली की घटनाओं के सिलसिले में पुलिस ने अब तक कई लोगों को हिरासत में लिया है — रिपोर्टों में कहा गया है कि 81 लोगों तक को गिरफ्तार किया गया है। प्रशासन ने स्थानीय संवेदनशीलता का हवाला देते हुए राजनीतिक प्रतिनिधियों के वहां प्रवेश पर पाबंदी लगाई। “लोकतंत्र में यह नहीं लिखा है कि किसी को कहीं पर भी जाने से रोका जाए… यह शासन प्रशासन तानाशाही रवैया अपना रहा है।” — सांसद“हमें बीती रात्रि 2:00 बजे से ही हाउस अरेस्ट कर लिया गया है और हमें बरेली नहीं जाने दिया जा रहा है।” — सांसद“हम वहां दंगा भड़काने नहीं जा रहे हैं — हमारा मकसद है वहां के लोगों से मिलना, उनकी प्रताड़ना का हाल-चाल जानना और रिपोर्ट बनाकर राष्ट्रीय अध्यक्ष को सौंपना।” — सांसद प्रशासन का पक्षप्रशासन का कहना है कि संवेदनशील परिस्थितियों में किसी भी राजनीतिक प्रतिनिधि का अचानक आने से कानून-व्यवस्था प्रभावित हो सकती है, इसलिए रोक लगाई गई। अधिकारियों ने कहा कि यह कदम सार्वजनिक शांति बनाए रखने के लिए आवश्यक था। (प्रशासन की आधिकारिक टिप्पणियों के लिए संबंधित जिलाधिकारी/पुलिस प्रवक्ता से पुष्टि रिपोर्ट अभी जारी हो सकती है)। स्थिति का प्रभावइस रोक-टोक और नेताओं के हाउस अरेस्ट के आरोप ने राजनीतिक गर्माहट बढ़ा दी है। विपक्षी दलों का कहना है कि लोकतंत्र में आवाज दबाने की यह कोशिश है, जबकि सरकार/प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था सर्वोपरि है। बरेली में हुई हिंसा और उसके बाद की कार्रवाई—गिरफ्तारियां और संबंधित प्रवर्तन — ने प्रशासन को सतर्क कर दिया है।
Read more

नेशनल हाईवे पर ट्रक-डंफर भिड़ंत… चालक फंसा, पुलिस-फायर ब्रिगेड ने बचाई जान

झाँसी ब्रेकिंग् झाँसी के मोंठ इलाके से दर्दनाक सड़क हादसे की तस्वीरें सामने आई हैं…जहाँ तेज रफ्तार ट्रक, डंफर में पीछे से जा टकराया।टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ट्रक का अगला हिस्सा चकनाचूर हो गया और चालक केबिन में बुरी तरह फँस गया।फायर ब्रिगेड और पुलिस ने मिलकर घंटों की मशक्कत के बाद उसकी जान बचाई। तस्वीरें हैं झाँसी के मोंठ थाना क्षेत्र के अटरिया के पास नेशनल हाईवे की…जहाँ शुक्रवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार ट्रक ने सामने चल रहे डंफर में पीछे से जोरदार टक्कर मारी।टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रक का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया…और चालक नरेंद्र धाकड़, निवासी पिपरसमा, जिला शिवपुरी, मध्यप्रदेश… केबिन में ही फँस गया। घटना की सूचना मिलते ही मोंठ पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुँची।हेड कांस्टेबल ज्ञानेंद्र यादव, कांस्टेबल श्याम प्रकाश और अग्निशमन प्रभारी कृष्ण कुमार ने कड़ी मशक्कत कर चालक को बाहर निकाला और उसकी जान बचाई। हादसे में ट्रक का परिचालक मोनू धाकड़ भी गंभीर रूप से घायल हुआ है।दोनों को तुरंत सीएचसी मोंठ पहुँचाया गया। इधर, वरिष्ठ उप निरीक्षक अवधेश कुमार ने मौके पर पहुँचकर हाईवे पर डायवर्जन बनवाया…ताकि लंबा जाम न लगे।वहीं उप जिलाधिकारी अवनीश तिवारी भी अस्पताल पहुँचे और घायलों की हालत का जायजा लिया।डॉक्टरों ने गंभीर स्थिति देखते हुए दोनों को झाँसी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
Read more

झाँसी में पत्नी और ससुरालवालों पर हत्या की साज़िश , युवक बुरी तरह घायल

झाँसी ब्रेकिंग् झाँसी से एक सनसनीखेज और डरावना मामला सामने आया है। यहाँ एक युवक ने आरोप लगाया है कि उसकी पत्नी और ससुराल पक्ष ने मिलकर उसकी हत्या की कोशिश की। युवक का कहना है कि हथियार और डंडों से हमला किया गया, गला दबाया गया जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। सौरभ यादव, निवासी प्रेमनगर थाना क्षेत्र, ने बताया कि शादी के बाद से ही उसकी पत्नी का आचरण संदिग्ध था। वह अवैध संबंध में लिप्त थी और अपने प्रेमी दिलशाद खान के साथ मिलकर प्रार्थी को परेशान कर रही थी। कई बार समझाने के बावजूद मामला नहीं सुधरा। 13 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे, आरोप है कि प्रेमी के साथ अज्ञात लोगों ने घर पर घुसकर हथियार और डंडों से सौरभ यादव पर हमला किया। उसकी पत्नी भी इसमें शामिल थी। आरोपियों ने गला दबाया, मुँह पर तकिया रखकर जान से मारने की कोशिश की और उसे सीढ़ियों पर पटक दिया। सौरभ चीख-पुकार करता रहा, लेकिन कोई मदद के लिए नहीं पहुँचा। घटना की सीसीटीवी फुटेज और मौके के गवाह मौजूद हैं। युवक का आरोप है कि पुलिस ने गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज करने के बजाय मामूली धाराओं में केस दर्ज कर दिया और आरोपी उसी दिन जमानत पर छूट गए। अब आरोपी खुलेआम युवक को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। यह घटना न केवल परिवार में उत्पन्न भय की कहानी है, बल्कि समाज के लिए भी चेतावनी है कि घरेलू हिंसा और साजिश किस हद तक बढ़ सकती है। पीड़ित युवक प्रशासन से गुहार लगा रहा है कि इस मामले में निष्पक्ष और कड़ी कार्रवाई हो।
Read more

झाँसी में सड़क हादसे में गाय का बछड़ा कार के नीचे आया, राहगीरों ने बचाई जान,घटना सीसीटीवी कैमरे में हुई कैद।

झाँसी ब्रेकिंग् झाँसी में सड़क हादसे में गाय का बछड़ा कार के नीचे आया, राहगीरों ने बचाई जान,घटना सीसीटीवी कैमरे में हुई कैद। झाँसी के मऊरानीपुर कोतवाली क्षेत्र में सड़क पर बैठे एक बछड़े को कार ने कुचल दिया। हादसे के दौरान बछड़ा कार के नीचे लगभग तीन मीटर तक घसीटता गया। गनीमत रही कि राहगीरों और दुकानदारों की मदद से बछडे को बाहर निकाला गया। झाँसी में आवारा गौवंश सड़क हादसों का शिकार होते आ रहे हैं। सरकार द्वारा गौ संरक्षण योजना के तहत गौशालाएं खोली गई हैं, लेकिन सड़क पर घूमते बेजुवान गाय और बछड़े आए दिन हादसों का शिकार हो रहे हैं। मौके पर मौजूद राहगीरों और दुकानदारों ने मिलकर कार को उठाया और बछड़े को बाहर निकाला। घटना के बाद ड्राइवर कार से उतरा और कार के नीचे बछड़े को देखकर दंग रह गया। हादसे का पूरा दृश्य पास के सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया है। वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, और लोगों के बीच इस घटना ने भारी चिंता और चर्चा पैदा कर दी है।
Read more

झाँसी पशु चिकित्सालय में जहरीला सांप, मचा हड़कंप

झाँसी ब्रेकिंग् झाँसी पशु चिकित्सालय में जहरीला सांप, मचा हड़कंप झाँसी के भरारी पशु चिकित्सालय में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब स्टोर रूम में अचानक एक जहरीला सांप निकल आया। आनन-फानन में वन विभाग की टीम को बुलाया गया, जिन्होंने मौके पर पहुंचकर सांप का सफल रेस्क्यू किया। मिली जानकारी के मुताबिक भरारी स्थित पशु चिकित्सालय के स्टोर में अचानक जहरीले सांप के दिखाई देने से कर्मचारियों में दहशत फैल गई। सूचना पर तुरंत वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। वन दरोगा पी.एस. भदौरिया और वनरक्षक मनोज ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए सांप को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया। रेस्क्यू के बाद सांप को जंगल में छोड़ दिया गया। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली और वन विभाग की टीम की सराहना की।
Read more

झांसी में जुमे की नमाज़ पर प्रशासन सतर्क

झांसी में जुमे की नमाज़ को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने खुद सड़क पर उतरे और संवेदनशील इलाकों में ड्रोन से निगरानी की जा रही हैं जुमे की नमाज़ के मद्देनज़र झांसी जिला प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर दिया है।जिलाधिकारी मृदुल चौधरी और एसएसपी बी बी जी टी एस मूर्ति ने भारी पुलिस बल के साथ शहर का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने मुख्य मार्गों और संवेदनशील इलाकों का दौरा किया और मौके पर तैनात अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि शांति और सौहार्द बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है, वहीं एसएसपी ने स्पष्ट किया कि किसी भी तरह की अफवाह या गड़बड़ी फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस बल ने पैदल मार्च करते हुए लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की और भरोसा दिलाया कि प्रशासन हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार है।
Read more

अतीक के बेटे का झांसी जेल वीडियो – जांच की मांग

झाँसी अतीक अहमद के बेटे अली अहमद का झांसी जेल में बनाए गए कथित वीडियो का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने इस पूरे प्रकरण की जांच की मांग की है। उन्होंने जेल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने डीजी जेल, उत्तर प्रदेश को पत्र लिखकर झांसी जेल से जुड़े इस कथित वीडियो मामले में विस्तृत जांच की मांग की है। अमिताभ ठाकुर ने कहा कि जो वीडियो सामने आया है, वह जेल के बाहर का नहीं बल्कि जेल गेट के ठीक अंदर का प्रतीत होता है, जहां कैदियों को अंदर ले जाने से पहले तलाशी ली जाती है। उन्होंने सवाल उठाया कि जेल के अंदर की तलाशी का वीडियो बनाकर सार्वजनिक करना बेहद गंभीर मामला है। खासकर तब, जब अली अहमद को सुरक्षा कारणों से प्रयागराज की नैनी जेल से सैकड़ों किलोमीटर दूर झांसी जेल शिफ्ट किया गया था। अमिताभ ठाकुर ने डीजी जेल से आरोप सही पाए जाने पर झांसी जेल के अधीक्षक सहित अन्य जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की है। रिपोर्ट अभिषेक पाठक
Read more
1 2 3 4 5 6

Trending News

Editor's Picks

मऊरानीपुर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश

मऊरानीपुर (झांसी)। पर्यावरण संरक्षण और हरित वातावरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से श्याम राघवेन्द्र डिग्री कॉलेज, धवाकर में मंगलवार को पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में कॉलेज परिसर में छायादार एवं फलदार पौधों का रोपण किया गया। इस दौरान शिक्षकों, छात्र-छात्राओं और अतिथियों ने पौधों के संरक्षण का संकल्प लेते हुए पर्यावरण बचाने का संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ सह प्रांत प्रचारक आदरणीय मुनीष जी , कॉलेज के प्राचार्य एवं शिक्षकों ने पौधरोपण कर किया। इसके बाद कॉलेज परिसर के विभिन्न स्थानों पर नीम, पीपल, बरगद, अमरूद सहित अन्य उपयोगी एवं छायादार पौधे लगाए गए। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और स्वयं पौधे रोपकर उनके संरक्षण का संकल्प लिया। इस अवसर पर सह प्रांत प्रचारक मुनीष जी ने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ता प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन पूरी दुनिया के लिए गंभीर चुनौती बन चुके हैं। ऐसे समय में प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है कि वह अपने जीवन में कम से कम एक पौधा अवश्य लगाए और उसकी देखभाल भी करे। केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें वृक्ष बनने तक सुरक्षित रखना भी हमारी जिम्मेदारी है। कॉलेज के प्राचार्य ने कहा कि पेड़-पौधे मानव जीवन के आधार हैं। ये हमें शुद्ध वायु, छाया, फल और औषधीय गुण प्रदान करते हैं। यदि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण देना है तो पौधरोपण को जन अभियान बनाना होगा। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने घरों और आसपास के क्षेत्रों में भी अधिक से अधिक पौधे लगाने की अपील की। कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने पर्यावरण संरक्षण की शपथ ली और हर वर्ष कम से कम एक पौधा लगाने तथा उसकी नियमित देखभाल करने का संकल्प दोहराया। कॉलेज प्रशासन ने लगाए गए पौधों की देखरेख की जिम्मेदारी भी विद्यार्थियों को सौंपी, ताकि सभी पौधे सुरक्षित रहकर वृक्ष का रूप ले सकें। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने सामूहिक रूप से पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और प्रकृति के संरक्षण में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। कार्यक्रम को सफल बनाने में कॉलेज के समस्त शिक्षक, कर्मचारी एवं छात्र-छात्राओं का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

सीएम योगी से परिवार सहित मिले झांसी एसएसपी, मीडिया का जताया आभार

झांसी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के झांसी दौरे के बाद झांसी पुलिस की ओर से जारी एक संदेश चर्चा का विषय बना हुआ है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बी.बी.जी.टी.एस. मूर्ति को मुख्यमंत्री से परिवार सहित शिष्टाचार भेंट करने का अवसर मिला। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जनपद की कानून व्यवस्था और सुशासन को लेकर आवश्यक मार्गदर्शन भी दिया। दूसरी ओर, मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान आयोजित कार्यक्रमों के सफल एवं सुव्यवस्थित संचालन के बाद झांसी पुलिस ने मीडिया की भूमिका की भी सराहना की है। एसएसपी की ओर से जारी संदेश में प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया से जुड़े पत्रकारों एवं मीडिया संस्थानों का आभार व्यक्त किया गया है।संदेश में कहा गया है कि मीडिया के सकारात्मक सहयोग और बेहतर समन्वय से मुख्यमंत्री के कार्यक्रमों की सूचनाएं प्रभावी ढंग से आमजन तक पहुंच सकीं। झांसी पुलिस ने कार्यक्रमों के सफल आयोजन में मीडिया की सहभागिता को महत्वपूर्ण बताते हुए सभी पत्रकार बंधुओं को धन्यवाद दिया है। मुख्यमंत्री के दौरे के बाद प्रशासन और मीडिया के बीच बेहतर तालमेल को लेकर यह संदेश चर्चा में बना हुआ है।

झांसी पुलिस परिवार ने स्थानांतरित क्षेत्राधिकारियों को दी भावभीनी विदाई

झांसी। झांसी पुलिस परिवार द्वारा अन्य जनपदों में स्थानांतरित हुए क्षेत्राधिकारी लक्ष्मीकान्त गौतम, क्षेत्राधिकारी जितेन्द्र सिंह एवं क्षेत्राधिकारी अजय श्रोत्रीय के सम्मान में एक गरिमामय विदाई समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक झांसी बीबीजीटीएस मूर्ति ने तीनों अधिकारियों के कार्यकाल की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने अपने सेवाकाल के दौरान पूरी निष्ठा, समर्पण और कर्तव्यपरायणता के साथ दायित्वों का निर्वहन किया। उन्होंने कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने, अपराध नियंत्रण तथा आमजन की समस्याओं के प्रभावी निस्तारण में महत्वपूर्ण योगदान दिया। एसएसपी ने स्थानांतरित अधिकारियों को नई तैनाती के लिए शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और सफल कार्यकाल की कामना की। समारोह में अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण डॉ. अरविन्द कुमार, सहायक पुलिस अधीक्षक आरीबा नोमान, क्षेत्राधिकारी सदर रामवीर सिंह, क्षेत्राधिकारी टहरौली असमा वकार सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों और कर्मचारियों ने स्थानांतरित अधिकारियों के साथ अपने अनुभव साझा किए तथा उनके सौहार्दपूर्ण व्यवहार, कुशल नेतृत्व, कार्यनिष्ठा और प्रशासनिक दक्षता की प्रशंसा की। विदाई समारोह में तीनों अधिकारियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।आत्मीय और भावनात्मक माहौल में संपन्न हुए इस कार्यक्रम में सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने उनके स्वस्थ, सुखद एवं सफल भविष्य की कामना करते हुए नई जिम्मेदारियों के लिए शुभकामनाएं दीं।

जामनी नदी में दर्दनाक हादसा दो युवकों की डूबने से मौत

झांसी ओरछा के जामनी नदी में शुक्रवार को दर्दनाक हादसा हो गया। नदी में नहाने गए दो युवकों की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही परिवारों में कोहराम मच गया, जबकि पूरे इलाके में शोक की लहर फैल गई।मृतकों की पहचान झांसी शहर के अलीगोल खिड़की निवासी अकरम और शहजाद के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों युवक हाफिज थे और इलाके में काफी मिलनसार स्वभाव के कारण पहचाने जाते थे। स्थानीय लोगों के मुताबिक दोनों युवक ओरछा के जामनी नदी पर नहाने के लिए गए थे। इसी दौरान नहाते समय वे अचानक गहरे पानी में चले गए। जब तक आसपास मौजूद लोग कुछ समझ पाते, दोनों पानी में डूबने लगे।घटना को देखकर मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत नदी में उतरकर दोनों युवकों को बचाने का प्रयास किया। काफी देर तक चले रेस्क्यू के बाद दोनों को पानी से बाहर निकाला गया। हालांकि जब तक दोनों को बाहर निकाला गया, तब तक उनकी सांसें थम चुकी थीं। हादसे की सूचना मिलते ही परिजन और मोहल्ले के लोग मौके की ओर दौड़ पड़े। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। घटना के बाद अलीगोल खिड़की इलाके में गम का माहौल है। बड़ी संख्या में लोग मृतकों के घर पहुंचकर परिवार को ढांढस बंधा रहे हैं। इलाके के लोगों ने युवकों की मौत पर गहरा दुख जताया .

जिला कारागार झांसी में लीगल हेल्प डेस्क शुरू, बंदियों को मिलेगी मुफ्त कानूनी सहायता

झांसी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से शुक्रवार को जिला कारागार झांसी का निरीक्षण किया गया। इस दौरान बंदियों को निःशुल्क विधिक सहायता एवं उनके अधिकारों की जानकारी दी गई। साथ ही कारागार परिसर में स्थापित लीगल हेल्प डेस्क का भी अनावरण किया गया। माननीय जनपद न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की अध्यक्ष कमलेश कच्छल के निर्देशन में सिविल जज (सीडी) एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ईशा त्रिपाठी ने जिला कारागार का विस्तृत निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही विधिक सहायता सेवाओं की समीक्षा करना और उनकी समस्याओं को सुनना था। निरीक्षण के दौरान सचिव ने विभिन्न बैरकों का भ्रमण कर बंदियों से व्यक्तिगत बातचीत की। उन्होंने बंदियों को बताया कि आर्थिक एवं सामाजिक रूप से कमजोर प्रत्येक व्यक्ति को निःशुल्क विधिक सहायता पाने का अधिकार है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण पात्र व्यक्तियों को मुफ्त अधिवक्ता, कानूनी परामर्श और अन्य आवश्यक विधिक सेवाएं उपलब्ध कराता है। इस मौके पर कारागार में स्थापित लीगल हेल्प डेस्क का शुभारंभ किया गया। सचिव ईशा त्रिपाठी ने बताया कि इस हेल्प डेस्क के माध्यम से बंदियों को जमानत, अपील, पैरोल, मुकदमों की जानकारी और अन्य कानूनी अधिकारों से संबंधित सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। यदि किसी बंदी को अपने मुकदमे या न्यायालयी प्रक्रिया से जुड़ी समस्या होगी तो वह हेल्प डेस्क के माध्यम से अपनी बात जिला विधिक सेवा प्राधिकरण तक पहुंचा सकेगा। उन्होंने कारागार अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक बंदी को विधिक सहायता का अवसर उपलब्ध कराया जाए और उनकी शिकायतों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि न्याय तक समान पहुंच प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण इसे प्रभावी रूप से लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है। निरीक्षण के दौरान बंदियों द्वारा रखी गई समस्याओं और सुझावों को भी सुना गया। संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। सचिव ने बंदियों को आश्वस्त किया कि उनकी विधिक समस्याओं के समाधान के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हमेशा तत्पर रहेगा। निरीक्षण में वरिष्ठ सहायक आदिल जाफरी, लीगल डिफेंस काउंसिल के चीफ प्रतीक समाधिया, असिस्टेंट लीगल डिफेंस काउंसिल अजय राठौर एवं दीपक मणि त्रिपाठी मौजूद रहे। वहीं वरिष्ठ जेल अधीक्षक विनोद कुमार समेत कारागार के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे।

BHADAAS

UP News

“UP की आवाज़, आपकी भड़ास”

Popular Categories

Must Read

©2025- All Right Reserved. Designed and Developed by Frame Motion Creative Studio