झाँसी जनपद के मऊरानीपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम गढ़वा में आज से शुरू हुआ दो दिवसीय कार्यक्रम किसानों और ग्रामीण युवाओं के लिए एक नई दिशा लेकर आया है।
यहाँ ‘बुंदेलखंड माटी फूड यूनिट’ का शुभारंभ किया गया — जो क्षेत्र में फूड प्रोसेसिंग और लघु उद्योगों को प्रोत्साहन देने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
कार्यक्रम का उद्घाटन सूक्ष्म एवं लघु उद्योग मंत्री राकेश सचान ने किया, जबकि महिला कल्याण एवं पुष्टाहार मंत्री बेबी रानी मौर्य कल यानी 31 अक्टूबर को कार्यक्रम में शामिल होंगी।

मऊरानीपुर तहसील के ग्राम गढ़वा में आज माहौल बिल्कुल अलग था — गांव में सजे पंडाल, किसानों की भीड़ और उद्यमियों का उत्साह।
कार्यक्रम के पहले दिन ‘बुंदेलखंड माटी फूड यूनिट’ का शुभारंभ करते हुए
सूक्ष्म एवं लघु उद्योग मंत्री राकेश सचान ने कहा कि सरकार का उद्देश्य है कि
ग्रामीण क्षेत्र में लघु उद्योगों को बढ़ावा देकर गांवों को आत्मनिर्भर बनाया जाए।
यह फूड प्रोसेसिंग यूनिट ‘ग्रामोत्त्थान मिशन’ के तहत स्थापित की गई है।
यहां मूंगफली की सफाई, छिलाई और प्रसंस्करण की अत्याधुनिक मशीनें लगाई गई हैं,
जिससे किसानों का समय, श्रम और पानी तीनों की बचत होगी।
सबसे खास बात यह कि अब किसान मूंगफली के दाने सीधे यूनिट को बेच सकेंगे,
जिससे उन्हें मंडी दर से 8 से 10 रुपए प्रति किलो अधिक मूल्य प्राप्त होगा।

फूड यूनिट के एमडी और भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप पटेल ने बताया कि इस परियोजना से
ग्रामीण युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
यूनिट में शुरुआती चरण में करीब 50 से अधिक स्थानीय लोगों को रोजगार दिया जा रहा है,
जिसे आगे बढ़ाकर सैकड़ों तक पहुँचाने की योजना है।
उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड की माटी में अपार संभावनाएं हैं, और अब यह माटी
देशभर में अपने स्वाद और गुणवत्ता के लिए जानी जाएगी।
“यह परियोजना ‘ग्रामोत्त्थान मिशन’ के अंतर्गत शुरू की गई है।
इससे किसानों को सीधे लाभ होगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
हमारा लक्ष्य है कि बुंदेलखंड के उत्पादों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिले और
स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त हों।”
‘बुंदेलखंड माटी फूड यूनिट’ का शुभारंभ इस बात का संकेत है कि अब
बुंदेलखंड की उपज और मेहनत — दोनों को नया मूल्य मिलेगा।
रवि परिहार, न्यूज़ डेस्क, झाँसी।